महारानी तपस्विनी बाई
बहादुरों जब भारत माता बंदी हो, तुम्हें चैन से सोने का हक नहीं। नौजवानों उठो भारत भूमि को फिरंगियों से मुक्त कराओ। ऐसे शब्द शक्ति का संचार, जिसने भारतीयों के…
‘गो’ से रक्षित “गोरखनाथ”
एक महान योगी, संत, धर्मनेता, जिन्होंने अपनी शक्ति और शिक्षा से एक ऐसे समाज को बदला जो झूठ, आडंबर, ऊँच-नीच, व्यभिचारिता आदि विकृतियों से ग्रसित था। उनकी महानता, जिसे संपूर्ण…
अनुस्वार (ं) और चंद्र बिंदु (ँ) संबंधी अशुद्धियाँ
अनुस्वार के स्थान पर चंद्रबिंदु लगाइए* अशुद्ध रूपअंगीठीअंगूठाअंग्रेजीआंसूकंटीलाकांटागांधीजाऊंगाजूंडांटढंगतांगातांबादांवपांचफांसीबांदामांरोटियांसांपहंसीहां-हूंहोउंगी शुद्ध रूप*अँगीठीअँगूठाअँग्रेजीआँसूकँटीलाकाँटा (कंटक सही है)गाँधी (गंदी सही है)जाऊँगाजूँडाँटढँगताँगाताँबादाँवपाँचफाँसीबाँदामाँरोटियाँसाँपहँसीहाँ-हूँहोउँगी * अनुस्वार के स्थान पर चंद्रबिंदु का प्रयोग करना पूर्णत: अशुद्ध है। चंद्रबिंदु (ँ)…
ओ राधारानी! तुम हो कौन?
ओ राधारानी! तुम हो कौन? बृषभान दुलारी या नंदलाल की प्यारी होगोपियों की सखी या बरसाने की रानी हो ओ राधारानी! तुम हो कौन? तुम्हारा नाम, यमुना के कल-कल…
