सब कुछ मिल गया
शाम को जॉब से लौटते समय भाई ने फोन किया और कहा कि दीदी थोड़ा तैयार रहना, मेहमान आ रहे हैं। मैंने कई बार पूछा कि कौन आ रहे हैं?…
February 24, 2022
“गुरु न तजूँ हरि कूँ तजि डारूँ”
‘गुरु’ अर्थात् अंधकार से प्रकाश की ओर ले जाने वाला। गुरु का अर्थ या उसकी परिभाषा शब्दों में व्यक्त करना असंभव है। किसी वस्तु या व्यक्ति का वर्णन किया जा…
July 3, 2023
एक से सौ तक संख्यावाचक शब्दों का मानक रूप
एक दो तीन चार पाँच छह सात आठ नौ दस ग्यारह बारह तेरह चौदह पंद्रह सोलह सत्रह अठारह उन्नीस बीस इक्कीस बाईस तेईस चौबीस पच्चीस छब्बीस सत्ताईस अट्ठाईस उनतीस तीस…
April 28, 2021
महान संत-कवयित्री लल्लेश्वरी
कश्मीर की महान संत कवयित्री लल्लेश्वरी का जन्म सन् 1320-1392 माना जाता है। वे ललद्यद, लल, लल्ला, ललदेवी, लैला आदि नामों से प्रसिद्ध हैं। कश्मीरी साहित्य में इनकी रचनाएँ महत्वपूर्ण…
October 26, 2021
